कोतमा- वन परिक्षेत्र अंतर्गत राजनगर सर्किल बीट पौराधार कक्ष क्र आरएफ 500 रकवा 20 हेक्टेयर वनभूमि पर वर्ष 2018-19 प्रथम वर्ष की तैयारी पर वृक्षारोपण का कार्य वन विभाग द्वारा कराया गया जहाँ भारी भ्रष्टाचार नियमो की अनदेखी करते हुए कार्य कराए गए वन विभाग द्वारा प्रथम वर्ष 2018-19 के वृक्षारोपण का कार्य एवं समस्त निर्माण कार्य जैसे सर्वे सीमांकन वनभूमि साफ सफाई कार्य सीपीटी निर्माण कार्य गड्डा खोदाई का कार्य जो मजदूरों से कराना था किन्तु पूर्व प्राभारी रेंजर कोतमा एवं वर्तमान अनूपपुर रेंजर ए के निगम, राजनगर पौराधार में पदस्थ वन विभाग के डिप्टी रेंजर टी डी नापित,बीट गार्ड हरीश अहिरवार ने मिलकर वन विभाग के शासकीय पैसे को बंदरबांट करने के चक्कर में मजदूरों से कार्य गड्डा खोदाई,सीपीटी निर्माण कार्य, सर्वे निरीक्षण एव झाड़ियों की साफ-सफाई का कार्य न करा कर जेसीबी मशीन लगाकर कार्यो को कराया गया। शासकीय पैसो का आपस मे वन अमला बंदरबांट करने के चक्कर में जेसीबी लगाकर कार्य कराया गया और कोतमा वन विभाग के पूर्व रेंजर ए के निगम वर्तमान रेंजर अनूपपुर द्वारा कागजो में मजदूरों से कार्य कराना बताकर मजदुरी भुगतान कागजों में किया गया जिससे पता चलता है कि वन विभाग के अधिकारी व कर्मचारी भ्रष्टाचार में कितना लिप्त हैं।
मापदंडों के अनुसार नही हुई गड्ढो की सही खुदाई-
वन परिक्षेत्र अंतर्गत राजनगर सर्किल बीट पौराधार कक्ष क्र आरएफ500 रकवा 200 हेक्टेयर पर वृक्षारोपण का कार्य बांस का प्रथम वर्ष की तैयारी पर न तो सही नियम मापदंडों के तहत गड्ढो की खोदाई हुई न गड्ढो का गहराई चौड़ाई गोलाई जेसीबी मशीन लगाकर कर दी गई ऐसे ही सीपीटी निर्माण कार्य व साफ सफाई के कार्य मे भारी अनियमितता देखी गई सही ढंग से न तो सीपीटी का निर्माण कार्य हुआ न ही वनों की साफ सफाई व सर्वे सीमांकन मनमानी ढंग से रेंजर ए के निगम,डिप्टी रेंजर टी डी नापित व बीत गार्ड ने शासकीय पैसे को प्रसाद में पंजीरी की तरह बांटा।
कुछ खास लोगो पर मेहरबान वन विभाग के अधिकारी-
वन विभाग के अधिकारी वर्तमान रेंजर ए के निगम,अनूपपुर ने 5 अक्टूबर 2018 से 22 जनवरी 2019 तक कोतमा रेंजर के पद में रहते हुए प्रथम वर्ष की तैयारी 2018-19 में पौराधार सर्किल राजनगर बीट पौराधार में वृक्षारोपण बांस का करते हुए जेसीबी मशीन लगा कर भुगतान किया गया फिर फर्जी मजदूरी भुगतान करने के चक्कर में अपने कुछ चहेते व बाहरी व्यक्तियो व ठेकेदारों के नाम से उनके खातों में मजदूरी भुगतान का बताकर पैसा भेजा गया दुर्गेश,कौशिक ललिता देवी,कमला,दीपक,अजीत मिश्रा,धनजी मिश्रा, मुन्ना,राममिलन, मुन्ना,बुधवारिया,कृष्णा, दिनेश,रेमदास,द्वारिकानाथ ऐसे कई व्यक्तियों के नाम से फर्जी भुगतान द्वारा वन विभाग के पूर्व रेंजर ने आंख मूंद कर किया।
कई अधिकारियों ने किया वर्दी ने कलंकित-
वन विभाग के कई अधिकारियों ने वर्तमान में वर्दी को कलंकित किया है अवैध रूप से पैसे की मोटी मोटी रकम वाहन मालिकों से अवैध वसूली की गई वाहन मालिकों के वाहन पकड़ने के उपरांत । वन विभाग राजनगर,पौराधार में जम कर वन भूमि में अवैध उत्खनन हो रहा है डिप्टी रेंजर टी डी नापित और बीट गार्ड हरीश अहिरवार वनभूमि में अवैध कारोबार करने वाले लोगों से साँठ गाँठ करके रात दिन रेत का अवैध उत्खनन व परिवहन कराया जा रहा है और वन विभाग से वेतन लेकर अवैध कारोबारियों से सांठगांठ कर ऊपरी कमाई करने के चक्कर में नियम विरुद्ध कार्य कराए जा रहे हैं।
रेंजर के बड़बोल- जब इस संबंध में पूर्व रेंजर ए के निगम से बात की गई तो उन्होंने कहा मैं इस विषय में कतई दोषी नहीं हूं जब डिप्टी रेंजर टी डी नापित झिरियाटोला व बीट गार्ड हरीश अहिरवार द्वारा बताया गया कि बांस का वृक्षारोपण प्रथम वर्ष की तैयारी पर 2018- 19 में मजदूरों से ही सभी कार्य कराये गए है मुझे नहीं मालूम था कि जेसीबी मशीन लगाकर कार्य कराया गया है।उनके द्वारा ही मुझे मजदूरों की सूची पैसे देने की दी गई तभी मैने उक्त मजदूरों की मजदूरी भुगतान की।
कहना है-
आपके द्वारा जानकारी प्राप्त हुई है मै तत्काल डी एफ ओ महोदय को जांच के आदेश देता हूँ।यदि ऐसा हुआ है तो दोषी लोगो के खिलाफ कार्यवाही की जाएगी।
ए के जोशी
सीसीफ, शहडोल
मैं रेंजर से बात करके जांच करवाता हूँ और उपरोक्त संबंध में अभी मैं कुछ भी नहीं बोलूंगा मैं अभी बाहर हूँ।
जामसिंह भार्गव
