बीपीएल राशन कार्ड में पूँजीपतियों का नाम, गरीब परिवार बीपीएल से दूर ,पूँजीपति ले रहे हैं गरीबों के हकों का लाभ ,जिला कलेक्टर से ग्रामीणों ने न्याय की लगाई गुहार
कोतमा - अनुविभागीय राजस्व क्षेत्र अंतर्गत जनपद पंचायत के अंतर्गत ग्राम पंचायत राजा कछार,मूड धोबा में गरीबी रेखा का राशन कार्ड बनाने के नाम पर जमकर फर्जीवाड़ा का खेल खेला गया गरीबों के हक का पूंजीपति गरीबी रेखा का राशन कार्ड बनवा कर उनके हकों पर डाका डाल रहे हैं कोतमा राजस्व अधिकारी,पटवारी व ग्राम पंचायत के सचिव की मिलीभगत से आज कई पूंजीपतियों का नाम बीपीएल राशन कार्ड में जोड़ा जा चुका है जबकि गरीब व्यक्ति राशन कार्ड बनवाने के लिए इन्हीं अधिकारियों के कार्यालय के दर-दर की ठोकरें खा रहे हैं पात्र व्यक्तियों को लाभ ना मिलकर अपात्र व्यक्तियों का नाम गरीबी रेखा में नाम जोड़कर शासन की सभी योजनाएं जो गरीबों के लिए चलाई जा रही हैं उसका लाभ आज पूंजीपति धन्ना सेठ ले रहे हैं और गरीब उन योजनाओं से वंचित रहकर कोसों दूर खड़ा नजर आ रहा है पूंजीपति आज सरकार की योजनाओं का जमकर लाभ उठा रहे हैं आज गरीब परिवार और गरीब होता जा रहा है सरकार की योजना धरी की धरी नजर आ रही लाखों पाए सरकार गरीबों के हितों में सोचें किंतु जब शासकीय अमला ही गरीब परिवारों को सरकार की योजना से वंचित रखे तो कैसे गरीबों का ऐसे में भला कैसे होगा।
जिला कलेक्टर से हुई शिकायत-
राजा कछार एवं मुरधवा ग्राम पंचायत के ग्रामीण कृष्णदास राम लखन मेहरा राम कुमार रामरति दानू पाव वीर सिंह रोशनी महरा दादू राम पाव, बुल्ला पाव,सुखलाल यादव, राजकुमार महरा,धन्नू पाव एवं कई अन्य व्यक्तियों द्वारा जिला कलेक्टर अनूपपुर एवं अनुविभागीय अधिकारी राजस्व कोतमा को दिनांक 10 जनवरी 2020 को लिखित शिकायत करते हुए बताया लक्ष्मी कांत पांडे पिता सीताराम पांडे जिनके पास डबल मंजिल 7 कमरे का बना है और उनकी पत्नी आंगनबाड़ी कार्यकर्ता है भाई भोले पांडे प्राथमिक शाला पानी में शिक्षक है उनके पास ट्रैक्टर बुलेरो दो पहिया वाहन व ऐसो आराम की सारी सुविधाएं हैं वही राजकिशोर पिता सीताराम पांडे ग्राम पंचायत मुरधवा के उप सरपंच खुद का 7 कमरे का पक्का मकान हैं, विष्णु पांडे पिता वासुदेव पांडे इनके पास पक्का घर चार कमरे का, छोटे लाल पिता मोलाईदार महारा, विद्याधर गौतम पिता बाल्मीकि गौतम,चक्रधर गौतम पिता बाल्मिक गौतम,बाबूलाल महरा पिता पंचम महरा,नारायण महरा पिता नंदू महरा,सुमिरन महरा पिता रामलाल महरा,पृथ्वी लाल पिता हीरालाल गोंड, दिनेश पांडे पिता राम सुंदर पांडे,शिवेंद्र पांडे पिता रमाकांत पांडे, खड़ा नंद पांडे पिता रामसुंदर पांडे, उक्त व्यक्तियों के पास स्वयं के पक्के मकान,दो पहिया वाहन, व किराने की दुकान एवं इन्हीं में से कुछ व्यक्तियों के पास तो कई लाखों रुपए के ट्रैक्टर वाहन के मालिक भी है। मुरधवा ग्राम पंचायत में सचिव शारदा पांडे के रहते हुए अपात्र व्यक्तियों का राशन कार्ड बनवाने में जमकर भरे शाही हुई।
कियोस्क संचालक कर रहा है फर्जीवाड़ा-
ग्राम जरहाटोला ग्रा.पं बेलिया बाड़ी, ग्राम राजा कछार ग्रा.प मूड धोबा एवं सलैया टोला ग्रा.प सड़डी के ग्रामीण दिनेश को, सोमवती कोल,बसंती,रामनिवास ददुआ,अर्जुन पाव,मोनू महरा प्रमोद यादव एवं रजुहासिया ने जिला कलेक्टर अनूपपुर अनुविभागीय अधिकारी राजस्व कोतमा एवं मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत अनूपपुर को 6 जनवरी 2020 को लिखित शिकायत करते हुए बताया कि महात्मा गांधी राष्ट्रीय रोजगार गारंटी योजना अंतर्गत निर्मित जॉब कार्ड एवं आधार कार्ड के आधार पर एसबीआई किओस्क लोढ़ी ग्राम पंचायत सड़डी में लक्ष्मीकांत पांडे पिता सीताराम पांडे,खदानंद पांडे पिता श्यामसुंदर पांडे एवं किओस्क संचालक की मिलीभगत से फर्जी खाता खोलकर जॉब कार्ड धारी गरीब लोगो का जॉब कार्ड, आधार कार्ड तथा राशन कार्ड की छाया प्रति लेकर उक्त ग्रामीणों के नाम से बिना जानकारी के खाता खोलकर फर्जी तरीके से पैसे निकाले जा रहे हैं इतना ही नहीं फर्जी अंगूठा फिंगरप्रिंट लगाकर मनरेगा में फर्जी मजदूरी मास्टर रोल में डलवा कर भुगतान खाते से पैसे निकाल लिए जा रहे हैं यह खेल लगभग 4 से 6 वर्षों से चल रहा है ग्रामीणों ने जिला कलेक्टर महोदय से पूरे मामले की जांच कर लाखों रुपए शासकीय पैसे की हेराफेरी फर्जी मास्टर रोल करने वाले व्यक्तियों के विरुद्ध कार्यवाही करने की मांग की है।
जिम्मेदार अधिकारी नहीं निभा रहे हैं अपनी जिम्मेदारी-
ग्राम जरहाटोला ग्रा.पं बेलिया बाड़ी, ग्राम राजा कछार ग्रा.प मूड धोबा एवं सलैया टोला ग्रा.प सड़डी के ग्रामीणों ने आज विगत 1 माह पूर्व शिकायत कर पूरे मामले की जांच कर कार्यवाही करने की मांग उच्च अधिकारियों से की थी किंतु जिम्मेदार अधिकारी गरीबों की शिकायतों से मुंह फेरते हुए जांच कर रहे हैं ऐसा लगता है कि गरीब ग्रामीणों की शिकायतों को कूड़े कचरे के ढेर में या फाइलों में दफन कर दिया गया है तभी तो अब तक जांच कछुए की चाल पर चल रही है। जब उपरोक्त मामले के संबंध में जिला कलेक्टर महोदय एवं अनुविभागीय अधिकारी राजस्व कोतमा से फोन पर चर्चा करने का प्रयास किया गया फोन उठाना मुनासिब नहीं समझा।
