राजनीति में कोई किसी का नहीं, सत्ता सुख के लिए सब सिद्धांत विचार पार्टी हुई दरकिनार, अनूपपुर विधायक के पाला बदलने से समर्थकों का लगा इस्तीफे का हुजूम,वही कांग्रेस समर्थकों में आक्रोश , राजनीति के दलदल में शतरंज की चाल में वजीर किसके पास उसी की सरकार
कोतमा - विगत कुछ दिनों से मध्य प्रदेश सत्ता का सियासी घमासान का केंद्र बना हुआ है कुछ राजनीतिक पार्टी व नेताओ के चेहरे पर उत्साह तो दूसरे राजनीतिक पार्टी के नेताओं के चेहरे पर बेचैनी झलक रही है कांग्रेस पार्टी के कद्दावर नेता ज्योतिरादित्य सिंधिया के भारतीय जनता पार्टी में शामिल होते हैं राजनीतिक सरगर्मी और तेज हो गई है और सरकार बनने व गिरने की उल्टी गिनती उठापटक के बीच चलती हुई नजर आ रही है। ज्योतिरादित्य सिंधिया के 22 समर्थक विधायकों जिसमें से 6 मंत्रियों ने भी अपने अपने इस्तीफे सोशल मीडिया के माध्यम से मध्य प्रदेश के महामहिम राज्यपाल व विधानसभा अध्यक्ष को भेजने के बाद कमलनाथ सरकार बचेगी या गिरेगी को लेकर लगातार राजनीतिक पार्टियों की बैठकों का दौर चल रहा है हर एक पार्टी अपनी अपनी चाल गोपनीय तरीके से चाणक्य की चल रही है शतरंज की इस चाल में वजीर किस ओर करवट लेता है कुछ घंटों बाद ही साफ हो सकेगा , मुख्यमंत्री कमलनाथ एक ओर सरकार के पास पूर्ण बहुमत होने का दावा कर रहे हैं दूसरी ओर भाजपा मध्य प्रदेश की सरकार को अल्पमत की सरकार बता रही है और महामहिम राज्यपाल से मिलकर फ्लोर टेस्ट कराने की मांग की गई है जिसे महामहिम राज्यपाल ने मंजूर कर 16 मार्च 2020 को विधानसभा में सरकार को बहुमत साबित करने के लिए फ्लोर टेस्ट कराने का आदेश जारी किया है। कुछ राजनीतिक पार्टी के नेताओं अपनी अपनी साख बचाने की लड़ाई चल रही है, सत्ता का सुख किस राजनीतिक पार्टी की ओर जाता है वह 16 मार्च को साफ हो जाएगा
अनूपपुर विधायक भाजपा पाले में जाते ही जिले की राजनीति की सरगर्मी तेज -
वहीं अनूपपुर विधानसभा क्षेत्र के वरिष्ठ कांग्रेस नेता व म.प्र. शासन के पूर्व मंत्री व वर्तमान विधायक बिसाहू लाल सिंह काफी दिनों से पार्टी के क्रियाकलाप व उन्हें प्राथमिकता न मिलने के कारण नजर चल रहे थे और उन्होंने ने भी कमलनाथ सरकार को अलविदा कह कर अपना इस्तीफा देकर अपना पाला बदलकर भाजपा में शामिल हो गए। जैसे ही यह खबर अनूपपुर जिले के कांग्रेस पार्टी के नेताओं,युवाओं को लगी वैसे ही बिसाहू लाल सिंह के समर्थको के इस्तीफे की पतझड़ी सी लग गई है वहीं कांग्रेस पार्टी के सिद्धांतो पर चलने वाले कर्मठ निष्ठावान पदाधिकारियों व कार्यकर्ताओ के चेहरे पर बेचैनी देखने को मिली और अनूपपुर विधायक के इस फैसले के काफी लोग खुश भी देखे और कुछ आक्रोश में भी।
पूर्व विधायक कोतमा ने कहा -
कोतमा विधानसभा क्षेत्र के पूर्व विधायक एवं वरिष्ठ कांग्रेस नेता मनोज अग्रवाल ने कहा कि आज लोकतंत्र व प्रजातंत्र की हत्या भाजपा कर रही है जनता की चुनी हुई सरकार को गिराने और विधायकों को खरीदने का प्रयास किया जा रहा है हम कांग्रेस के सिद्धांतो पर चलने वाले है कमलनाथ सरकार निश्चित ही विधानसभा में अपना बहुमत साबित कर देगी और विपक्षी नेताओं के गलत मंसूबे कभी सफल नहीं होंगे।
वरिष्ठ कांग्रेस नेता अशोक त्रिपाठी ने कहा -
वरिष्ठ कांग्रेस नेता अशोक त्रिपाठी भालूमाड़ा ने कहा कि कमलनाथ सरकार को गिराने की को साजिश रची जा रही है वह निंदनीय है जनता की चुनी हुई सरकार को भाजपा व कुछ कांग्रेसी विधायक अपने निजी स्वार्थ व लाभ के लिए बगावत कर विपक्ष की गोद में जा बैठे हैं उन्हें प्रदेश की जनता कभी माफ नहीं करेगी व कमलनाथ सरकार अपना बहुमत साबित कर के दिखाएगी सरकार को किसी प्रकार का खतरा नहीं है।हम कांग्रेस के सिद्धांतो पर निरंतर चलते रहेंगे व्यक्ति विशेष नेताओ के कारण पार्टी से कभी बगावत कोई नहीं करेगा कांग्रेस के सिद्धांतो पर चलने वाला हर एक कांग्रेसी नेता कांग्रेस के साथ है।
पूर्व ब्लॉक अध्यक्ष कोतमा ने कहा-
कोतमा के पूर्व ब्लॉक अध्यक्ष व कांग्रेस नेता राजेश जैन ने कहा कि भाजपा जो कमलनाथ सरकार को गिराने का खेल खेल रही वह निंदनीय है भाजपा लोकतंत्र का गला घोंटने का काम कर रही है कमलनाथ सरकार बहुमत साबित कर के दिखाएगी कांग्रेस पार्टी की विचाधारा पर चलने वाले हम कार्यकर्ता है व्यक्ति विशेष के नहीं। सच्चा कांग्रेसी कहीं अपनी विचाधारा से समझौता नहीं करेगा निजी स्वार्थ और लाभ के लिए।