राजनगर- बिहार प्रान्त से आये एक बुजुर्ग दादा जिनको पत्रकार अमित सेन गुप्ता,विजय जायसवाल,हर्षितेश्वर मणि तिवारी एवं अन्य साथियों ने यूँ ही अंजान रास्ते में भटकते हुए देखा।
एक अंजान बुजुर्ग व्यक्ति को इस स्थिति में देख कर जब इन्होंने उनसे पूछ ताछ की तो उन्होंने बताया की वो ट्रेन से भटक कर आ गये है।
इन्होंने इन बुजुर्ग दादा को तत्काल थाना रामनगर में ले जाकर इस सूचना दी जिससे यह पता चला की इनका एक बेटा है जिसने अभी तक इनके भटक जाने की कोई सूचना तक नही दी किसी को,पुलिस द्वारा वीडियो कॉलिंग में पहचान जरूर कर लिया अपने पिता का।
ईश्वर जाने संयोग है या साजिस परन्तु अपने भटके हुए बाप को वह कलयुगी बेटा तुरन्त की हालात में घर वापिस ले जाने को तैयार नही है।
फलतः बुजुर्ग की दयनीय स्थिति को देखते हुए थाना रामनगर की मदद से इन सभी युवा साथियो द्वारा उन्हें बृद्धाश्रम में उनकी देख रेख के लिए भेज दिया गया है,जिनको लेकर थाना रामनगर के स्टाफ ने थाने की गाड़ी में जिम्मेदारी के साथ बृद्धाश्रम में पहुचाया जिसमे उनके साथ हर्षितेश्वर मणि तिवारी गवाह के तौर पर उपस्थित रहे।
विदित हो की इस सम्पूर्ण समाज सेवा के कार्य में थाना प्रभारी श्री प्रजापति जी के साथ थाना के स्टाफ सनत द्विवेदी जी का योगदान काफी सराहनीय रहा इन्ही के साथ समस्त थाना रामनगर के स्टाफ की सक्रियता प्रसंशनीय रही है।
हमारे संवाददाता द्वारा पूछने पर निम्नजनों ने इस प्रकरण पर अपनी अपनी प्रतिक्रिया दी।
थाना प्रभारी रामनगर:- जितना हम से बन सका हमने अपने स्तर पर पूर्ण प्रयास किया और एक रात अपनी देख रेख में रख कर उन्हें सही सलामत वृद्धाश्रम बरबसपुर में सुपुर्द कर दिया गया है,जब तक उनके पुत्र उनको लेने नही आ जाते वो वृद्धाश्रम के देख रेख में रहेंगे।
विजय जायसवाल पत्रकार:- हमे खुशी हुई यह जानकर की उन भटके हुए बुजुर्ग दादा जी को एक सही स्थान पर पनाह मिल गयी,थाना रामनगर का इसके लिए आभार।
अमित सेन गुप्ता ,युवा कांग्रेस ब्लॉक अध्यक्ष:- हमारी प्रेरणा ही यही है की प्रथम से अंतिम तक जिस व्यक्ति को हमारी जरूरत है ,हम उनके लिए अंतिम सांस तक संघर्ष करते रहेंगे।
इस सराहनीय कार्य में सहयोग के लिए थाना के स्टाफ भैया सनथ द्विवेदी एवं थाना रामनगर के सभी स्टाफों का आभार व्यक्त करता हूँ।
हर्षितेश्वर मणि तिवारी,समाज सेवक:- हम सभी के लिए इस कार्य की सराहना के साथ एक बहुत बड़े चिंतन का भी यह विषय है की आज के इस कलयुग में ऐसे पुत्र आज भी रहते है जिनके पिता उनको बोझ लगते है।
बहरहाल फिर भी सभी युवा साथियो का एवं थाना रामनगर का तहेदिल से धन्यवाद एवं आभार।
